सचिव ने विधिक सहायता केंद्र और व्यवस्थाओं का लिया जायजा
जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की सचिव एवं सिविल जज (सीनियर डिवीजन) नाज़िश कलीम ने शुक्रवार को राजकीय बाल संप्रेषण गृह (किशोर) गडोली में आयोजित किशोर न्याय बोर्ड की मासिक बैठक में प्रतिभाग किया। इस दौरान किशोर न्याय से जुड़े मामलों की समीक्षा करते हुए लंबित प्रकरणों के शीघ्र निस्तारण और किशोरों के अधिकारों की सुरक्षा पर जोर दिया गया।
बैठक में सचिव ने किशोरों के पुनर्वास एवं सुधारात्मक उपायों को प्राथमिकता देने के निर्देश दिए गए। साथ ही बाल संप्रेषण गृह की व्यवस्थाओं एवं विधिक सहायता केंद्र का निरीक्षण कर पात्र किशोरों को समय-समय पर निःशुल्क विधिक सहायता उपलब्ध कराने के निर्देश भी दिए गए। इस अवसर पर राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण (नालसा) की मादक पदार्थ जागरूकता एवं कल्याण मार्गदर्शन योजना-2025 के अंतर्गत विधिक जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया। शिविर में किशोरों को नशे के दुष्प्रभाव, मादक पदार्थों से होने वाले नुकसान, उनके विधिक अधिकारों तथा निःशुल्क विधिक सहायता योजनाओं की जानकारी दी गई।
जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की सचिव ने आगामी अंतरराष्ट्रीय मादक द्रव्य दुरुपयोग एवं अवैध तस्करी विरोधी दिवस के महत्व की जानकारी देते हुए युवाओं से नशे से दूर रहने और समाज में जागरूकता फैलाने का आह्वान किया।
इस अवसर पर किशोर न्याय बोर्ड के प्रधान मजिस्ट्रेट रिजवान अंसारी, जिला परिवीक्षा कार्यालय से प्रवीण कुमार, अधीक्षिका मीना नेगी, पैरा विधिक स्वयंसेवक अवतार सिंह सहित अन्य अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
