जिलाधिकारी स्वाति एस. भदौरिया ने मंगलवार को पौड़ी-श्रीनगर राष्ट्रीय राजमार्ग का स्थलीय निरीक्षण कर निर्माण कार्यों, जल निकासी, मलबा प्रबंधन एवं सुरक्षा व्यवस्थाओं का जायजा लिया। विभिन्न स्थानों पर मिली कमियों पर उन्होंने नाराज़गी जताते हुए संबंधित अधिकारियों एवं कार्यदायी संस्था को समयबद्ध सुधारात्मक कार्रवाई के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि राष्ट्रीय राजमार्ग के कार्यों में गुणवत्ता, सुरक्षा एवं पर्यावरणीय मानकों से किसी भी प्रकार का समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा।
पौड़ी बस अड्डे के समीप बरसाती जल निकासी नाली की खराब स्थिति पर जिलाधिकारी ने लोनिवि (एनएच) को प्राथमिकता के आधार पर नाली निर्माण कराने के निर्देश दिए। सहायक अभियंता ने बताया कि कार्य एक माह के भीतर पूरा कर लिया जाएगा। सभासदों ने बरसात में नाली जाम होने से पानी पौड़ी गांव की ओर बहने और कुछ मकानों के पास भू-धंसाव जैसी स्थिति की जानकारी दी, जिस पर जिलाधिकारी ने अधिशासी अधिकारी, नगर पालिका को नियमित निगरानी और प्रतिदिन प्रगति रिपोर्ट देने के निर्देश दिए।
निरीक्षण के दौरान उन्होंने राष्ट्रीय राजमार्ग चौड़ीकरण कार्यों में सड़क किनारे पड़े पत्थरों एवं मलबे को तत्काल हटाने तथा अनुपयोगी मलबे का समयबद्ध निस्तारण करने के निर्देश दिए। उन्होंने चेतावनी दी कि सड़क पर मलबा पाए जाने पर इसे अवैध भंडारण मानते हुए नियमानुसार चालान किया जाएगा।
जिलाधिकारी ने डंपिंग जोन का निरीक्षण कर नए डंपिंग जोन में मलबा डालने से पहले गेबियन वॉल निर्माण, पहले से बनी गेबियन वॉल की प्रभावशीलता की जांच तथा आवश्यकता अनुसार नई गेबियन वॉल बनाने के निर्देश दिए। उन्होंने पहाड़ी कटिंग के दौरान सुरक्षा मानकों का पालन, ढलानों को सुरक्षित बनाने, मलबा नियमित हटाने तथा श्रमिकों को हेलमेट, सुरक्षा जूते सहित सभी आवश्यक सुरक्षा उपकरण उपलब्ध कराने के निर्देश भी दिए।
उन्होंने निर्माण कार्यों की विस्तृत कार्ययोजना, समय-सीमा, गेबियन वॉल, ब्लॉक टॉप सहित सभी कार्यों का स्पष्ट रोडमैप शीघ्र प्रस्तुत करने के निर्देश देते हुए कहा कि सभी कार्य गुणवत्ता, सुरक्षा और तय समय-सीमा के अनुरूप पूरे किए जाएं, ताकि आमजन को सुरक्षित एवं बेहतर सड़क सुविधा मिल सके।
निरीक्षण के दौरान सहायक अभियंता धनंजय वर्मा, सभासद अरविंद रावत, प्रदीप असवाल, अधिशासी अधिकारी नगर पालिका संजय कुमार सहित अन्य अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
